जीवित महिला का फर्जी मृत्यु प्रमण पत्र बनवाकर न्यायालय में पेस
न्यायालय के आदेश पर सिविल लाइन थाने में दर्ज हुआ मामला, दो आरोपी नामजद
virat24, रीवा। जीवित महिला का फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनवाकर आरोपियों ने न्यायालय में पेश कर दिया। न्यायालय द्वारा इसकी तस्दीक कराई गई तो वह फर्जी निकला। न्यायालय के आदेश पर थाने में दो महिलाओं के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज हुआ है। पुलिस फिलहाल पूरे मामले की जांच कर तथ्यों को जुटाने में लगी है। मामला न्यायालय में विचाराधीन मामले का है। मिली जानकारी के अनुसार सप्तम अपर जिला सत्र न्यायाधीश न्यायालय में व्यवहार वाद क्र. 26/14 में सावित्री देवी बनाम जनरैल वगैरहा के मामले में प्रतिवादी क्र. 2 बेलाकली पति स्व. बाल्मीक चतुर्वेदी 65 वर्ष निवासी मैदानी थाना चोरहटा, प्रतिवादी क्र. 3 आशा त्रिपाठी पति कमलेश प्रसाद 35 वर्ष निवासी अनंतपुर वार्ड क्र. 9 ने सावित्री देवी का मृत्यु के आधार पर उपसामित प्रस्तुत करने का निवेदन किया था। ग्राम पंचायत फूलकरण सिंह के सरपंच द्वारा जारी मृत्यु प्रमाण पत्र भी प्रस्तुत किया। उक्त प्रमाण पत्र की जांच कराई गई तो वह फर्जी निकला। सरपंच प्रेमवती द्वारा उक्त प्रमाण पत्र जारी करने से इंकार कर दिया और उसमें किये गये हस्ताक्षर को फर्जी बताया। वादी स्वयं न्यायालय में उपस्थित होकर अपने जीवित होने की जानकारी दी। पूरा मामला सामने आने के बाद न्यायालय ने सिविल लाइन थाने को पत्र जारी किया जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस इस मामले की जांच कर तथ्यो को जुटाने में लगी है। बताया जाता है कि जमीनी विवाद चल रहा था उस जमीन को हड़पने के लिए महिला का मृत्यु प्रमाण पत्र फर्जी तरीके से बना कर न्यायालय में पेश कर दिया गया जिसकी जांच कराने पर पूरे मामले का खुलासा हुआ और अब उक्त महिलाओं के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है। वर्जनन्यायालय में विचाराधीन मामले में महिलाओं के द्वारा बादी महिला का मृत्यु प्रमाण पत्र न्यायालय में फर्जी तरीके से बना कर प्रस्तुत किया गया था, न्यायालय द्वारा उक्त महिलाओं के खिलाफ मामला दर्ज करने का निर्देश दिया गया , जिस पर प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है।
ओंकार तिवारी
थाना प्रभारी सिविल लाइन