130 विद्यार्थियों ने जाना वन्यजीव और वनो का महत्व, पीटीआर प्रबंधन ने करवाया भ्रमण
मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में पन्ना टाइगर रिजर्व प्रबंधन ने वन्यजीव और वनों के विषय मे छात्र-छात्राओं को नजदीकी से जानकारी देने, उनके महत्व के विषय में बताने के लिए अनुभूति कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसमें पन्ना टाइगर रिजर्व के अलग-अलग रेंज में छात्र-छात्राओं को भ्रमण भी करवाया जा रहा है। साथ ही वन्यजीवों को दिखाया जा रहा है। इसके साथ ही विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन भी प्रबंधन कर रहा है।
दरअसल, पन्ना टाइगर रिजर्व के वन परिक्षेत्र किशनगढ़ बफर में ईको पर्यटन बोर्ड ने अनुभूति कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें किशनगढ हाई स्कूल के 130 छात्र-छात्राओं को वन विभाग ने जंगल की सैर करवाई। पन्ना टाइगर रिजर्व के बफर क्षेत्र, कोर जोन जंगलों के विषय में आवश्यक जानकारियां दी।
कोर और बफर क्षेत्र का अंतर समझाया गया। पीटीआर के अधिकारियों और कर्मचारियों ने छात्र-छात्राओं को पीटीआर की भौतिक स्थिति, वन्य जीवों की उपस्थिति के लिए अनुकूल परिस्थितियों की जानकारी दी। प्रकृति के बीच स्कूली छात्र-छात्राओं के बीच निबंध, गायन, चित्रकला सहित विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित कराई। इसमें विजेता, उपविजेता छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत भी किया। प्रकृति के बीच खुद को पाकर छात्र-छात्राएं काफी उत्साहित और प्रसन्न नजर आए। पर्यावरण से रूबरू होकर काफी जानकारियां भी छात्र-छात्राओं को प्रबंधन ने दी।
पन्ना टाइगर रिजर्व में वर्तमान समय मे 75 से अधिक छोटे-बड़े बाघ मौजूद हैं। बाघों के साथ साथ तेंदुए भी बड़ी संख्या में पाए जाते हैं। इसके अलावा पीटीआर में बड़ी संख्या में अन्य जंगली जानवर मौजूद हैं। जानवरों के साथ साथ प्रकृति की गोद मे समाएं पन्ना टाइगर रिजर्व में जड़ी-बूटियों के पेड़-पौधों सहित हजारों प्रजाति के पेड़ मौजूद हैं। जिनकी जानकारी पीटीआर प्रबंधन ने छात्र-छात्राओं को दी जा रही है।